बिहार के आरा-बक्सर सेक्शन स्थित नेशनल हाईवे-922 का एक वीडियो इन दिनों सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में सड़क के बीच बने गड्ढों और दरारों की मरम्मत का ऐसा तरीका दिखाई दे रहा है, जिसने लोगों को हैरान कर दिया है।
वायरल वीडियो में कुछ मजदूर सड़क के टूटे हुए हिस्से पर ड्रिल मशीन से छेद करते नजर आ रहे हैं। इसके बाद वे उन छेदों में मोटे लोहे के सरिए डालकर उन्हें हथौड़े से ठोक रहे हैं। यह दृश्य देखने के बाद सोशल मीडिया यूजर्स इसे "सड़क की सर्जरी" और "सड़क पर टांके लगाने" जैसी संज्ञाएं दे रहे हैं।
आमतौर पर फटे कपड़ों पर टांके लगाए जाते हैं, लेकिन यहां क्षतिग्रस्त कंक्रीट स्लैब को जोड़ने के लिए लोहे के सरियों का इस्तेमाल किया जा रहा है। इस अनोखे मरम्मत कार्य ने लोगों के बीच बहस छेड़ दी है।
कुछ लोग इसे इंजीनियरिंग की एक विशेष तकनीक बता रहे हैं, जबकि कई यूजर्स इस पर सवाल खड़े कर रहे हैं। उनका कहना है कि हाल ही में बने फोर-लेन हाईवे में इतनी जल्दी दरारें पड़ना निर्माण की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल उठाता है।
वायरल वीडियो के बाद निर्माण एजेंसी और संबंधित विभागों की कार्यप्रणाली को लेकर भी चर्चा तेज हो गई है। फिलहाल, यह वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है और लोग इसके पीछे की वास्तविक तकनीक और सड़क की गुणवत्ता पर जवाब मांग रहे हैं।

