फरीदाबाद में तेज आंधी और बारिश के बीच एक दर्दनाक हादसे ने तीन श्रमिकों की जान ले ली। मौसम से बचने के लिए जिन श्रमिकों ने पोर्टा केबिन में शरण ली थी, उन्हें अंदाजा भी नहीं था कि वही जगह उनकी मौत का कारण बन जाएगी। जानकारी के अनुसार, एलिवेटेड मार्ग निर्माण कार्य में इस्तेमाल होने वाली भारी क्रेन करीब 200 मीटर दूर पटरी पर खड़ी थी। लगातार बारिश के कारण वहां कीचड़ और फिसलन बढ़ गई थी। तेज आंधी के चलते क्रेन अचानक फिसलती हुई पोर्टा केबिन की तरफ बढ़ी और पलटकर सीधे उसके ऊपर जा गिरी।
हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई और श्रमिकों में अफरा-तफरी फैल गई। सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन और बचाव दल मौके पर पहुंच गए। फिसलन, अंधेरा और भारी भीड़ के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन में काफी दिक्कतें आईं। पुलिस ने घटनास्थल को चार हिस्सों में बांटकर राहत कार्य शुरू किया। कटर से पोर्टा केबिन को काटकर अंदर फंसे श्रमिकों को बाहर निकाला गया। शुरुआत में एक श्रमिक सुरक्षित मिला, जिससे बाकी लोगों के बचने की उम्मीद जगी, लेकिन बाद में निकाले गए तीन श्रमिकों को अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
एनएचएआइ के परियोजना निदेशक धीरज सिंह ने कहा कि फिलहाल किसी की लापरवाही सामने नहीं आई है, लेकिन भविष्य में श्रमिकों की सुरक्षा के लिए और मजबूत इंतजाम किए जाएंगे।

