दिल्ली-एनसीआर में मंगलवार रात मौसम ने अचानक ऐसा करवट ली कि लोगों के होश उड़ गए। तेज धूल भरी आंधी, गरज-चमक और बारिश के साथ आए तूफान ने राजधानी समेत पूरे एनसीआर को झकझोर कर रख दिया। सबसे चौंकाने वाली बात रही हवाओं की रफ्तार, जिसने कई पुराने रिकॉर्ड की बराबरी कर ली।
मौसम विभाग के मुताबिक पूसा क्षेत्र में हवा की अधिकतम गति 128 किलोमीटर प्रति घंटा दर्ज की गई, जबकि पालम में 120 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से हवाएं चलीं। पालम में दर्ज यह आंकड़ा 25 साल पुराने रिकॉर्ड के बराबर माना जा रहा है। तेज हवाओं के कारण कई इलाकों में पेड़ उखड़ गए, बिजली आपूर्ति प्रभावित हुई और लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
हालांकि बारिश उम्मीद के मुताबिक ज्यादा नहीं हुई, लेकिन तेज आंधी और हल्की बारिश ने भीषण गर्मी से राहत जरूर दिलाई। दिल्ली के कई मौसम केंद्रों पर भी तेज हवाएं दर्ज की गईं। सफदरजंग में 64 किलोमीटर प्रति घंटा, जाफरपुर में 59 किलोमीटर प्रति घंटा और छतरपुर में 56 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से हवा चली।
आईएमडी के अनुसार उत्तर-पश्चिम भारत में बने अनुकूल मौसमीय सिस्टम के कारण दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा और राजस्थान के कुछ हिस्सों में गरज के साथ बारिश, ओलावृष्टि और तेज हवाओं की संभावना पहले ही जताई गई थी। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले दिनों में भी मौसम में उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। फिलहाल इस तूफानी मौसम ने गर्मी से राहत तो दी, लेकिन अपने पीछे नुकसान की तस्वीर भी छोड़ गया।

